स्पेन की राजनीति में घटनाओं का एक नाटकीय मोड़। निवर्तमान प्रधानमंत्री और पॉपुलर पार्टी के नेता मारियानो राजोय ने नई सरकार बनाने से इनकार कर दिया है और कल रात राजा फेलिप को इसकी सूचना दे दी, जो 27 जनवरी को राजनीतिक परामर्श पुनः शुरू करेंगे।
राजोय, पिछले चुनावों में अपनी पार्टी को सर्वाधिक वोट मिलने के बावजूद, बहुमत के लिए आवश्यक संख्या नहीं जुटा पाए और एक कदम पीछे हट गए। अब यह समाजवादियों पर निर्भर है कि वे प्रयास करें और अगले कुछ दिनों में राजा पीएसओई के नेता पेड्रो सांचेज़ को नई भूमिका प्रदान करेंगे, जिन्हें पोडेमोस और इज़क्विएर्डा यूनिडा संगठन अपना समर्थन देने के लिए तैयार हैं। लेकिन तीनों वामपंथी दलों के पास बहुमत नहीं है: कुल मिलाकर उन्हें संसद में 161 के मुकाबले 176 वोट ही मिल पाए हैं।
सांचेज़ बास्क और कैटलन राष्ट्रवादियों का समर्थन प्राप्त करने का भी प्रयास करेंगे तथा पोडेमोस के विकल्प के रूप में नए मध्यमार्गी संगठन सिउदादानोस को कम से कम मतदान में भाग न लेने के लिए राजी करने का प्रयास करेंगे।
लेकिन स्पेन की राजनीति निस्संदेह बहुत अनिश्चितता के दौर से गुजर रही है और पोडेमोस न केवल उप-प्रधानमंत्री का पद मांगकर, बल्कि आर्थिक नीति में बदलाव और सार्वजनिक घाटे में कमी की धीमी गति की मांग करके भी सांचेज़ के प्रति अपने समर्थन को महसूस कराना चाहता है, जिससे यूरोपीय आयोग को बड़ी चिंता है, क्योंकि उसे संक्रमण के प्रभाव का डर है।
